उत्तर प्रदेश विधान परिषद चुनाव की मतदाता सूची में अजीबोगरीब गड़बड़ियां सामने आईं. चुनाव आयोग ने इस गलती को स्वीकार करते हुए कहा कंप्यूटर जातिवादी नहीं होते और इनमें जातिगत भेदभाव नहीं हुआ.