सुप्रीम कोर्ट में CJI सूर्यकांत ने SLP दाखिल करने की प्रवृत्ति पर कहा कि अगर हाईकोर्ट छींकता भी है तो SLP आ जाती है. दूसरे मामले में कोर्ट ने कहा कि कैमरा-माइक चालू रहना पक्षकार का अधिकार नहीं है.