इंडिया डिडैक्टिक्स एसोसिएशन (IDA) के मुताबिक, 2030 तक भारत के मैन्युफैक्चरिंग और सर्विस सेक्टर में 35 करोड़ से ज्यादा रोजगार के अवसर पैदा हो सकते हैं. लेकिन क्या इतने रोजगार से देश में बेरोजगारी खत्म हो जाएगी? यह बड़ा सवाल देश के सामने है.