हाईकोर्ट ने मामले में प्रथम दृष्टया यह भी कहा कि हादसे के लिए केवल भवन मालिक की लापरवाही जिम्मेदार नहीं हो सकती. कोर्ट ने सरकारी अधिकारियों और संबंधित विभागों की भूमिका पर भी सवाल उठाए हैं.