महाराष्ट्र सरकार ने कार्यप्रणाली के नियमों में बड़ा बदलाव किया है. इसके तहत मुख्यमंत्री को विशेषाधिकार दिया है. सीएम अब किसी भी मंत्री का फैसला बदल सकेंगे, लेकिन इसके लिए लिखित में कारण देना होगा.