पितृपक्ष की शुरुआत हो चुकी है और आज 27 सितंबर को प्रतिपदा श्राद्ध किया जा रहा है. लेकिन क्या आप जानते हैं श्राद्ध के लिए कुतुप, रौहिण और अपराह्न मुहूर्त को क्यों सही माना गया है.