कपिल सिब्बल ने सुनवाई के दौरान सुझाव दिया कि रामलीला मैदान को धरनास्थल के रूप में दिया जा सकता है. इस पर सरकार की ओर से तुषार मेहता ने कहा कि हम विचार करके फैसला लेंगे.