वांगचुक को शनिवार को उनकी अनिश्चितकालीन भूख हड़ताल के 21वें दिन दिल्ली पुलिस जंतर-मंतर से जबरन सफदरजंग अस्पताल ले गई थी. उन्होंने नीट परीक्षा में अनियमितताओं और इस विवाद से जुड़े छात्रों की कथित मौत के विरोध में कॉकरोच जनता पार्टी (सीजेपी) के नेतृत्व में चल रहे आंदोलन के समर्थन में 28 जून को अनिश्चितकालीन अनशन शुरू किया था.