ख़ास सुनवाई के दौरान सुप्रीम कोर्ट ने कहा कि मेट्रो और रेल सेवाएं सामान्य रूप से चलेंगी. इन्हें सिर्फ़ तभी रोका जा सकेगा, जब क़ानून के तहत ऐसा करना ज़रूरी हो. अदालत ने यह भी कहा कि क़ानूनी प्रावधानों के तहत ज़रूरी होने पर ही इंटरनेट सेवाएं बाधित की जा सकेंगी.